Big news App
भारत

Indian Railway : ट्रेन में सफर करने से पहले पढ़ लें कोरोना के ये नए गाइडलाइंस

नई दिल्ली – देशभर में कोरोना एक बार फिर हावी हो गया है। ऐसे में एक बार फिर ट्रेन से सफर करने के दौरान कोविड प्रोटोकॉल का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। पिछले साल भारतीय रेलवे ने संक्रमण बढ़ने के साथ देशभर में यात्री ट्रेन सेवाएं बिल्कुल बंद कर दी थी। बाद में धीरे-धीरे सेवाएं शुरू की गईं और अब लगभग 65 फीसदी से ज्यादा ट्रेनें पटरी पर आ चुकी हैं।

लेकिन, फिर से बढ़ते कोरोना संक्रमण ने एक बार फिर से चिंता बढ़ा दी है। ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर भारतीय रेलवे ने फिर से लोगों को तमाम जरूरी गाइडलाइंस का ध्यान रखने की सलाह दी जा रही है। रेल मंत्रालय ने ट्वीट कर कहा है कि COVID-19 के मद्देनजर, यात्रियों से अपील है कि वे यात्रा करने से पहले विभिन्न राज्यों द्वारा जारी स्वास्थ्य सलाह संबंधित दिशानिर्देशों को पढ़ लें। ट्वीट में स्पष्ट कहा गया है कि यात्री ट्रेन में सफर करने से पहले राज्यों के दिशानिर्देश पढ़ लें। खासकर वे जिस राज्य में जा रहे हैं, उस राज्य के दिशानिर्देश जरूर पढ़ लें।

– कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच कई राज्य में सरकारों ने अलग-अलग गाइडलाइन जारी की गई है। जैसे कुछ राज्यों में एंट्री के लिए वैक्सीन सर्टिफिकेट या RT-PCR निगेटिव टेस्ट रिपोर्ट दिखाना अनिवार्य कर दिया गया है। ऐसा यात्रियों की सुरक्षा और कोरोना से मिलकर लड़ने के लिए किया गया है।

– पंजाब के अमृतसर में सार्वजनिक समारोहों में वैक्सीन सर्टिफिकेट या RT-PCR निगेटिव टेस्ट रिपोर्ट जरूरी कर दी गई है। ऐसे में रेलवे यात्रियों की सुरक्षा के लिए अधिक सर्तकता बरत रही है। पूर्व मध्य रेलवे समेत कई जोनल रेलवे की ओर से एडवाइजरी जारी की गई है। स्टेशनों पर थर्मल स्कैनिंग, मास्क पहनने जैसे नियमों का सख्ती से पालन करना जरूरी है।

– महाराष्ट्र, पंजाब और केरल से बिहार आने वाले यात्रियों के लिए कोरोना निगेटिव रिपोर्ट जरूरी होगा। 17 मार्च से यह व्यवस्था लागू होगी। एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशनों पर कोरोना निगेटिव रिपोर्ट दिखानी होगी। जिनके पास रिपोर्ट नहीं होगी, उनका एंटीजन टेस्ट किया जाएगा और पॉजिटिव पाए जाने पर क्वारंटीन सेंटर भेज दिया जाएगा।

– हरिद्वार कुंभ मेला-2021 को लेकर उत्तराखंड राज्य सरकार की ओर से बड़ा निर्णय लिया गया है। कुंभ के लिए श्रद्धालुओं द्वारा कोविड-19 से जुड़े प्रोटोकॉल का पालन अनिवार्य कर दिया है। हरिद्वार में प्रवेश की अनुमति उन्हें ही होगी, जिन्होंने कोरोना की वैक्सीन लगवा ली है। जिन लोगों ने कोरोना की वैक्सीन नहीं लगवाई है, वे कोरोना की निगेटिव जांच रिपोर्ट के जरिये हरिद्वार में प्रवेश कर पाएंगे। शर्त ये है कि कोरोना की जांच रिपोर्ट 72 घंटे के भीतर की होनी चाहिए।

download bignews app
Follow us on google news
Follow us on google news

Related Articles

Back to top button